साहित्य-संस्कृति
एक बहुत बड़ा विशाल पेड़ था। उस पर बीसीयों हंस रहते थे। उनमें एक बहुत सयाना हंस था, बुद्धिमान और बहुत दूरदर्शी। सब उसका आदर करते ‘ताऊ’ कहकर बुलाते थे।
एक भी आँसू न कर बेकार जाने कब समंदर मांगने आ जाए! पास प्यासे के कुआँ आता नहीं है, यह कहावत है, अमरवाणी नहीं है,
14 सितंबर को हिंदी दिवस के रूप में मनाया जाता है। वर्ष 1949 में इसी तारीख को संविधान सभा ने एक लंबी और सजीव बहस के बाद देवनागरी लिपि में हिंदी को भारतीय संघ की राजभाषा के रूप में अपनाया था। भारतीय संविधान के भाग XVII के अनुच्छेद 343 से 351 तक इसी विषय के बारे में है। अनुच्‍छेद 343 (1) में यह घोषणा की गई है कि देवनागरी लिपि में हिंदी संघ की राजभाषा होगी।
तेलुगु भाषा के प्रख्यात नाटककार और संवाद लेखक गणेश पात्रो का सोमवार को निधन हो गया। अभिनेता-राजनेता चिरंजीवी ने बताया कि पात्रो 69 वर्ष के थे। गणेश ने चिरंजीवी की चर्चित फिल्म "रुद्रवीणा" के संवाद लिखे थे। वे कैंसर से पीड़ित थे। गणेश पात्रो को श्रद्धांजलि देते हुए चिरंजीवी ने कहा कि यह बेहद दुखद है कि हम अपनी इंडस्ट्री के कई सदस्यों को कैंसर के कारण खो रहे हैं।
मशहूर हिंदुस्तानी शास्त्रीय गायिका किशोरी अमोनकर का सोमवार को मुंबई में निधन हो गया। वह 84 साल की थीं। पारिवारिक सूत्रों ने बताया कि रात को 12 बजे के करीब मध्य मुंबई में स्थित आवास पर अमोनकर का निधन हुआ। 10 अप्रैल 1932 को मुंबई में जन्मी किशोरी अमोनकर को हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत की अग्रणी गायिकाओं में से एक माना जाता था। वह जयपुर घराने से ताल्लुक रखती थीं।