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GES 2017 में इवांका बोलीं- घर हो या बाहर,महिलाएं हमेशा वर्किंग वीमेन
हैदराबाद,28/नवम्बर/2017(ITNN)>>> वैश्विक उद्यमिता सम्मेलन 2017 में हिस्सा लेने आई इवांका ट्रंप ने सम्मेलन के दूसरे दिन बुधवार को एक चर्चा के दैरान कहा कि महिलाएं चाहे घर रहें या बाहर काम करें,वो हमेशा वर्किंग वीमेन होती हैं। इवांका ने इस दौरान अपील की कि पुरुष भी जैंडर गैप खत्म करने में योगदान दें। इवांका ने आगे कहा कि यह सिर्फ महिलाओं के मुद्दे नहीं हैं। 

हम आधी आबादी हैं,इसलिए इन मुद्दों की गंभीरता को पूरे विश्‍व को समझना चाहिए। वैश्विक उद्यमिता शिखर सम्मेलन के दूसरे दिन महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर एक प्लेनरी सेशन हुआ। इसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की बेटी इवांका ट्रम्प,आईसीआईसीआई बैंक की सीईओ चंदा कोचर और ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर की वाइफ चेरी ब्लेयर शामिल हुईं।

महिलाओं के मुद्दों पर दिखानी होगी गंभीरता
इवांका ने कहा कि मौजूदा दौरे में जेंडर समानता सिर्फ एक सामाजिक जिम्‍मेदारी ही नहीं है, बल्कि बिजनेस के लिए भी यह बहुत महत्‍व रखती है। इवांका ट्रंप ने कहा,मैं यह कहना चाहती हूं कि यह सिर्फ महिलाओं के मुद्दे नहीं हैं। हम आधी आबादी हैं, इसलिए हमें इन मुद्दों पर बेहद गंभीरता से सोचना चाहिए।' साथ ही इवांका ट्रंप ने कहा कि तकनीक से बहुत सारे बदलाव आते हैं और यह महिलाओं को बहुत सारे अवसर देती है। पुरुषों को भी जेंडर गैप खत्म करने में अपना योगदान देना होगा।

सिर्फ भारत में बैंकिंग सेक्टर में 40 प्रतिशत महिलाओं की अध्यक्षता
आइसीआइसीआइ की सीइओ चंदा कोचर ने बताया कि भारत में जेंडर समानता की दिशा में काफी काम हो रहा है। यहां महिलाओं को भी आगे बढ़ने के पूरे अवसर मिल रहे हैं। उन्‍होंने बताया,भारत के अलावा बाकी दुनिया में कोई अन्य देश ऐसा नहीं है जो बैंकिंग क्षेत्र का 40% महिलाओं की अगुवाई कर रहा है।

महिलाओं को 3C की जरूरत
फाउंडेशन फॉर वीमेन की संस्थापक चेरी ब्लेयर ने कहा कि मौजूदा दौर में महिलाओं को 3 सी की बेहद जरूरत है- कॉन्फिडेंस,कैपेबिलिटी और कैपिटल। साथ ही पुरुषों को यह समझने की जरूरत है कि महिलाएं उनके बराबर हैं। हैदराबाद इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (एचआईसीसी)में होने वाले इस सम्मलेन में 150 देशों के 1,500 उभरते हुए उद्यमी, निवेशक और पारिस्थिकि तंत्र के समर्थक हिस्सा ले रहे हैं। इस सम्मलेन को अमेरिकी विदेश विभाग व अमेरिका की अन्य एजेंसियां भारत के नीति आयोग के साथ मिलकर आयोजित कर रही हैं।