कड़ी सुरक्षा के बीच मणिपुर में सुबह 7 बजे से वोटिंग जारी मणिपुर की 60 सदस्यीय नई विधानसभा के लिए कड़ी सुरक्षा के बीच शनिवार सुबह सात बजे मतदान शुरू हो गया। मतदान दोपहर तीन बजे तक चलेगा। पिछले एक सप्ताह के दौरान हुए श्रृंखलाबद्ध बम विस्फोटों और आतंकवादी खतरों के बावजूद लोग मतदान के लिए घरों से निकले हैं और वे मतदान केंद्रों पर कतारबद्ध खड़े हैं। मतदान कुल 2,357 मतदान केंद्रों पर हो रहा है,जिनमें से 875 केंद्र अति संवेदनशील हैं। राज्य निर्वाचन प्रशासन सुचारु मतदान के लिए राज्य पुलिस बल के जवानों के अतिरिक्त केंद्रीय सैनिक बलों की 350 कम्पनियों का इस्तेमाल कर रहा है। राज्य में चुनाव-प्रचार का शोर गुरुवार को थम गया। विधानसभा चुनाव से सम्बंधित कुछ प्रमुख तथ्य इस प्रकार हैं।
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योग गुरु बाबा रामदेव ने खुद की तुलना भगवान से की योग गुरु बाबा रामदेव ने खुद की तुलना देवताओं से की है। योग के जरिए जनता में पैठ बनाने वाले बाबा का इसे बड़बोलापन कहें या रामलीला मैदान पर आंदोलन के दौरान हुई फजीहत के बाद बदले की भावना का मारता जोर।विधानसभा चुनावों के दौरान बाबा शब्दों की मर्यादा भूलने लगे हैं। भ्रष्टाचार और कालेधन को मुद्दा बनाने वाले बाबा शायद ये भी भूल चुके हैं कि किसी भगवान ने कभी किसी तरह की दुकान नहीं चलाई। बाबा रामदेव ने अपने बयान में कहा कि भगवान राम,कृष्ण और गुरु गोविंद सिंह ने भ्रष्ट और बेइमानों के साथ पंगा लिया था। इसलिए भाई अगर राम,कृष्ण,गुरुनानक और हनुमान सब ठीक थे तो बाबा भी ठीक हैं। जो उनको ठीक न मानता हो वो बाबा को भी गलत मान ले।
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उत्तराखंड में शनिवार शाम तक ही चुनाव-प्रचार अपनी प्राकृतिक खूबसूरती के लिये पूरी दुनिया में मशहूर पर्वतीय राज्य उत्तराखंड में राजनैतिक घमासान के चलते विधानसभा चुनावों के लिये हो रहे आरोप-प्रत्यारोप तथा कानफोडू़ प्रचार शनिवार शाम समाप्त हो जायेंगे.राज्य में नयी सरकार चुनने के लिये आगामी 30 जनवरी को मतदान होगा, जिसमें 788 प्रत्याशियों का भाग्य इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों में कैद हो जायेगा.राज्य में पिछले करीब एक महीने से चुनावी गहमागहमी के बीच प्रत्याशियों द्वारा नामांकन करने के बाद से ही अपने समर्थन में जबर्दस्त ढंग से प्रचार किया जा रहा था. एक दूसरे पर आरोप प्रत्यारोपों की झड़ी लगाते हुये एक दूसरे से अपने को बड़ा साबित करने की कोशिश की गयी.
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आय से अधिक संपत्ति मामले में मुलायम को राहत यूपी चुनाव से ठीक पहले समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव को राहत की बड़ी खबर मिली है.आय से अधिक संपत्ति के मामले की सुनवाई कर रही दो जजों की बेंच में से एक जज रिटायर हो गए हैं.ऐसे में अब मामले पर सुनवाई फिर से की जाएगी.समाजवादी पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव को आय से अधिक संपति के मामले में बैठे बिठाए राहत मिल गई है.ऐसा इसलिए क्योंकि सुप्रीम कोर्ट में मामले की सुनवाई कर रही दो जजों की बेंच में से एक जज सिरियक जोसफ 27 जनवरी को रिटायर हो गए हैं.इस बेंच को फैसला सुनाना था कि सीबीआई मुलायम सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज करे या नहीं.
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कांग्रेस ने विजन डाक्यूमेंट नहीं,‘डिवीजन डाक्यूमेंट’ पेश किया: जेटली भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री तथा राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष अरुण जेटली ने उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव के प्रचार के अंतिम दिन कांग्रेस पर करारा हमला करते हुये कहा कि कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश में ‘विजन डाक्यूमेंट’ नहीं बल्कि ‘डिवीजन डाक्यूमेंट’ पेश किया है क्योंकि इसमें धर्म आधारित आरक्षण देने का वायदा किया है जो देश में कट्टरपंथियों को और अधिक बढावा देगा.जेटली ने कहा कि धर्म आधारित आरक्षण का तो इस देश के पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू, पूर्व गृहमंत्री सरदार बल्लभ भाई पटेल तथा अन्य सभी लोगों ने विरोध किया था क्योंकि यह विचार देश को एक और विभाजन के लिए प्रेरित करता. उन्होंने कहा कि अब कांग्रेस वही कार्य कर रही है.
स्पेशल रिपोर्ट
मंत्री अजय विश्नोई पर लगे संगीन आरोप की उच्चस्तरीय जांच हो नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने कहा है कि आज प्रदेश में प्रशासनिक अधिकारियों का मनोबल गिरा है,वे प्रताडि़त है और उनके साथ अन्याय हो रहा है। उन्होंने मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के सचिव एस.एम.एस. जै़दी द्वारा पशुपालन मंत्री अजय विश्नोई पर लगाए संगीन आरोप को गंभीर बताते हुए मुख्यमंत्री की चुप्पी को आश्चर्यजनक बताया है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण में उच्चस्तरीय जांच कराने और जांच पूरी होने तक तत्काल श्री विश्नोई को पद से हटाने की मांग की है।
कर्ज लेकर घी पी रही है सरकार,चरमरा सकता है वित्तीय प्रबंधन भले ही सरकार की ओर से ये दावा किया जाता रहा हो कि मध्यप्रदेश 'बीमारू' राज्य नहीं रहा लेकिन प्रदेश कर्ज के आंकठ में डूबा हुआ है। एक तरफ तो सरकार अपनी महत्वकांक्षी योजनाओं के प्रचार में ही पानी की तरह पैसा बहा रही है और दूसरी तरफ उसका कर्ज लगातार बढ़ता जा रहा है। सकल देनदारियों को लेकर सरकार बेफ्रिक है। सवा सात करोड़ की आबादी वाले इस प्रदेश पर 94 हजार करोड़ से ज्यादा का कर्ज है। इतने कर्ज को देखकर ये कहा जा सकता है कि सरकार 'कर्ज लेकर घी पी' रही है।
आइये जाने की क्या हें गुरू चाण्डाल योग और केसे पायें इससे मुक्ति गुरु चंडाल योग को संगति के उदाहरण से आसानी से समझ सकते हैं। जिस प्रकार कुसंगति के प्रभाव से श्रेष्ठता या सद्गुण भी दुष्प्रभावित हो जाते हैं। ठीक उसी प्रकार शुभ फल कारक गुरु ग्रह भी राहु जैसे नीच ग्रह के प्रभाव से अपने सद्गुण खो देता है।